ग्वालियर में स्वदेश की काव्यधारा में हास्य-व्यंग्य, कविता और नशामुक्त होली का संदेश गूंजा। कवियों ने ठहाकों के बीच सामाजिक सरोकारों पर बात रखी।
स्वदेश डेस्क
2026-03-03 10:12:28